Home » HOME » Google ने नहीं मानी मोदी सरकार की गाइडलाइन, कहा- नए आईटी नियम Search Engine पर नहीं होंगे लागू

Google ने नहीं मानी मोदी सरकार की गाइडलाइन, कहा- नए आईटी नियम Search Engine पर नहीं होंगे लागू

Google Search Engine No job Reservation after privatisation
Sharing is Important

Google Search Engine: नए आईटी नियमों के लिए कुछ महीनों पहले मोदी सरकार ने नई गाइडलाइन जारी की थी। इस गाइडलाइन के तहत सरकार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और ओटीटी प्लेटफार्म्स से आपत्तिजनक कंटेट हटाने का आदेश दिया था। कुछ प्लेटफॉर्म्स ने नए नियम का पालन किया और कुछ ने और समय की मांग की। लेकिन गूगल (Google Search Engine) ने अब ये साफ जाहिर कर दिया है कि उसके सर्च इंजन पर यह नियम लागू नहीं होंगे।

हाईकोर्ट से कहा आप दरकिनार करें नियम

गूगल एलएलसी ने यह दावा किया कि डिजिटल मीडिया के लिए आईटी के नियम उसके सर्ज इंजन पर लागू नहीं होते हैं। इसलिए दिल्ली हाईकोर्ट से गूगल ने बुधवार को अनुरोध किया कि वह एकल न्यायाधीश के उस आदेश को दरकिनार करे, जिसके तहत इंटरनेट से आपत्तिजनक सामग्री हटाने का आदेश मिला था। उस समय ही ये नियम कंपनी पर लागू किए गए थे।

क्या बंद हो जाएगा WhatsApp? जानिए क्या है गाइडलाइन के नए नियम

एक महिला की अश्लील तस्वीर के कारण लगे नियम

गूगल ने कहा कि एकल न्यायाधीश ने उस मामले की सुनवाई के समय यह फैसला सुनाया था कि सभी हर प्लेटफॉर्म से अश्लील कंटेंट हटा दिए जाएं। उस समय एक महिला की तस्वीरें कुछ बदमाशों ने अश्लील (पॉनग्रैफिक) कंटेंट दिखाने वाली एक वेबसाइट पर अपलोड कर दी थीं। उन तस्वीरों को अदालत के आदेशों के बावजूद भी वर्ल्ड वाइड वेब से पूरी तरह हटाया नहीं जा सका था और इन तस्वीरों को अन्य साइट पर फिर से पोस्ट किया गया था।

READ:  Facebook will stop using facial recognition software

क्या आदेश मिले थे कंपनियों को

आपको बता दें कि सरकार ने कंपनियों से साफ कहा था कि उन्हें हिंसा और अफवाह फैलाने वाले पोस्ट को तुरंत हटाना होगा और उसके खिलाफ कड़ी कार्यवाही भी करनी होगी। उस कार्यवाही के लिए एक शिकायत केंद्र बनाना होगा जिसमें हर शिकायत का रजिस्ट्रेशन 24 घंटे में हो जाना चाहिए। इन शिकायतों को 15 दिन के अंदर कार्यवाही करनी होगी और अगर नहीं करी तो बताना होगा की कियूं नहीं करी।

Social Media Platforms: भारत में बंद हो जाएंगे फेसबुक ट्विटर और इंस्टाग्राम? क्या है नया डिजिटल एथिक कोड?

क्या है गाइडलाइन के नियम

* सरकार का कहना है कि सोशल मीडिया कंपनियों के लिए हर आपत्तिजनक मेसेज का स्रोत पता लगाना जरूरी होगा।

* हर कंपनी की एजेंसी में अगर कोई शिकायत आती है या कोई आपत्तिजनक कंटेंट है तो उसे 36 घंटों के अंदर हटाना होगा।

* अश्लील पोस्ट या उससे रिलेटेड कोई पिक्चर की शिकायत मिलने पर उसे 24 घंटों के अंदर हटना होगा और अगर उन पिक्चरों से छेड़छाड़ की गई है तो उसके खिलाफ कार्यवाही करनी होगी।

* कंपनियों को अनुपाल अधिकारी, नोडल अधिकारी और कम्प्लेन सॉल्वर अधिकारी को नियुक्त करने होगा।

READ:  What is Urban Dictionary, trending on Social Media

सरकार ने माँगी रिपोर्ट

सरकार ने नियम के तहत कहा था कि सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म को हर महीने एक रिपोर्ट पब्लिश करनी होगी। उस रिपोर्ट में उन्हें हर महीने कितनी कम्प्लेन आयी है, उनमें से कितनी पर कार्यवाही हुई, कितनी पोस्ट प्लेटफार्म से हटा दी गयीं हैं इन सब बातों की एक लिस्ट देनी होगी।

कंपनी को उसकी website और app में से किसी एक या दोनों पर भारत से हो रही communication का पता देना होगा। इसके अलावा देश की safety को नुकसान पहुँचाने वाली सामग्री के सोर्स के बारे में भी बताना होगा।

Ground Report के साथ फेसबुकट्विटर और वॉट्सएप के माध्यम से जुड़ सकते हैं और अपनी राय हमें Greport2018@Gmail.Com पर मेल कर सकते हैं।