मध्य प्रदेश उपचुनाव की पूरी कमान कमलनाथ ने संभाल रखी है

मध्य प्रदेश उपचुनाव की पूरी कमान कमलनाथ ने संभाल रखी है

Sharing is Important
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

मध्य प्रदेश उपचुनाव को लेकर राजनीतिक सर गर्मियां तेज़ हो चुकी हैं। 27 विधनासभा क्षेत्रों में होने वाला उपचुनाव में कांग्रेस केवल एक चेहरे के साथ चुनावी मैदान में दिख रही है। 15 महीनों तक सत्ता में रहने के बाद सत्ता से बेदखल हुए पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ को पूरी कमान फिर से सौपी दी गई है। मध्य प्रदेश में दशकों से कांग्रेस और गुटबाजी एक-दूसरे का पर्याय रहे हैं। कांग्रेस को बीजेपी के साथ-साथ आपसी गुटबाज़ी से भी लड़ना पड़ रहा है।

मध्य प्रदेश में जब-जब भी चुनावी रण सजा है। तब-तब कांग्रेस को अन्य विरोधी पार्टियों के साथ आपसी गुटबाज़ी से भी लड़ना पड़ा है। कमलनाथ को प्रदेश अध्यक्ष की कमान सौंपे जाने के बाद से गुटबाजी पर काफी हद तक विराम लगता दिख रहा है । बीते विधानसभा के चुनाव पर गौर करें तो साफ होता है कि तब दो गुट नजर आते थे, कमलनाथ और पूर्व केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का । अब सिंधिया और उनके समर्थक पार्टी छोड़ कर BJP में जा चुके हैं। इसके चलते अब सिर्फ पार्टी अध्यक्ष कमलनाथ का प्रभाव दिख रहा है।

ALSO READ:  मध्य प्रदेश उपचुनाव : कांग्रेस का उपचुनाव जीतने का ख़्वाब शेख़चिल्ली की तरह है : गोविंद राजपूत

पार्टी की चुनावी गतिविधियों पर नजर दौड़ाई जाए तो एक बात साफ हो जाती है कि सारे फैसले कमलनाथ ही ले रहे हैं। पार्टी के नेताओं की बैठक में उनके अलावा कोई दूसरा बड़ा नेता नहीं होता, वहीं कार्यकर्ताओं, पर्यवेक्षक के अलावा प्रभारियों से सीधे संवाद कमलनाथ ही कर रहे हैं।

पार्टी के कुछ नेताओं का कहना है कि पार्टी आला कमान ने उपचुनाव की पूरी जिम्मेदारी कमलनाथ को सौंप दी है। उम्मीदवारों के चयन से लेकर रणनीति बनाने का काम उन्हीं के हाथ में है। यही वजह है कि कमलनाथ अपने स्तर पर सर्वे करा रहे हैं। इतना ही नहीं, सभी उम्मीदवार भी उन्हीं की मर्जी से तय किए जाएंगे, पार्टी हाई कमान ने जो प्रभारी भेजे हैं, वह भी कमलनाथ की सहमति से ही राज्य में आए हैं।

ALSO READ:  Madhya Pradesh By-elections : क्या ख़रीद-फरोख़्त की राजनीति करके उपचुनाव जीत पाएगी बीजेपी ?

वहीं चुनावी सरगर्मियों के बीच मध्य प्रदेश में विधनासभा उपचुनाव को लेकर चुनाव आयोग ने कहा है कि सभी 27 सीटों पर 29 नवंबर से पहले वोटिंग करा ली जाएगी। इलेक्शन कमीशन ने शुक्रवार को बड़ी घोषणा करते हुए कहा है कि, बिहार विधानसभा चुनाव के साथ ही उपचुनाव भी करवाए जाएंगे। चुनाव आयोग ने कहा कि, देश भर में 64 ऐसी विधानसभा सीट है जहां उपचुनाव होने हैं इसमें मध्य प्रदेश की 27 विधानसभा सीटें भी शामिल हैं।

Ground Report के साथ फेसबुकट्विटर और वॉट्सएप के माध्यम से जुड़ सकते हैं और अपनी राय हमें Greport2018@Gmail.Com पर मेल कर सकते हैं।