Skip to content
Home » क्या है Lumpy Virus जिससे भारत में मर रही हैं हर दिन 100 से ज्यादा गाय?

क्या है Lumpy Virus जिससे भारत में मर रही हैं हर दिन 100 से ज्यादा गाय?

vaccine for lumpy virus

पिछले कुछ हफ्तों में राजस्थान और गुजरात में करीब 3 हज़ार कैटल की मौत लंपी स्किन डिज़ीस (Lumpy Virus) की वजह से हो गई है। यह बीमारी पशुओं में वेक्टर के ज़रिए फैलती है, जो गाय या भैंस की स्किन से चिपक जाते हैं और वायरस उनकी स्किन में फैल जाता है। इसकी वजह से पशुओं की मौत हो जाती है।

यह (Lumpy Virus) वायरस बहुत तेज़ी से मवेशियों में फैल रहा है। इसकी वजह से कई गाय पालने वाले किसान परेशान हैं। असमय गाय की मौत हो जाने से गौपालकों को काफी नुकसान हो रहा है।

राजस्थान में लंपी वायरस का (Lumpy Virus) काफी ज्यादा प्रकोप है। कुछ जिलों में हर रोज़ 100 से ज्यादा गायों की मौत हो रही है। बाड़मेर में मृत गायों को दफनाने के लिए ज़मीन भी कम पड़ने लगी है। यह वायरस राजस्थान गुजरात से अब पंजाब भी पहुंच चुका है। पशुपालकों और गौशाला प्रबंधकों ने सरकार से मदद की गुहार लगाई है। किसान दुधारु पशुओं की मौत पर मुआवज़े की मांग कर रहे हैं।

किसान अपनी गाय का इलाज निजी डॉक्टर से करवा रहे हैं, जो उन्हें महंगा पड़ रहा है। एक गाय के इलाज पर 10-20 हज़ार रुपए का खर्चा आ रहा है। इस बीमारी के चलते न सिर्फ दुधारु पशुओं की मौत हो रही है, बल्कि जो पशु इस बीमारी से पीड़ित है उन्होंने दूध भी देना कम कर दिया है। इससे दूध व्यवसाय पर गहरा असर पड़ने की संभावना है।

गौशाला प्रबंधकों का कहना है कि सरकार लोगों से काउ सेस के नाम से करोड़ों रुपए वसूल रही है लेकिन यह पैसा गौशालाओं तक नहीं पहुंच रहा है। लंपी की वजह से हर दिन गौशालाओं में गायें मर रही हैं।

लंपी वायरस है क्या?

GAVI, the Global Alliance for Vaccines and Immunisation के मुताबिक लंपी स्किन डिज़ीस Capripoxvirus वायरस की वजह से होती है। इसकी वजह से दुनियाभर में मवेशी खतरे में है। यह (Lumpy Virus) वायरस गाय और भैंसों को खून चूसने वाले कीड़ों के ज़रिए इंफेक्ट करता है। ये वैक्टर्स पशू की स्किन के ज़रिए बॉडी में प्रवेश करता है। अगर इस बीमारी का समय से इलाज न हो तो पशुओं की मौत हो जाती है।

Lumpy Virus: क्या हैं लक्षण?

  • गाय भैंस की स्किन पर गोल आकार गांठ बन जाती है।
  • इंफेक्टेड पशु का वेट कम होने लगता है।
  • फीवर हो सकता है और मूंह में छाले दिख सकते हैं।
  • दूध घट जाता है।
  • बहुत अधिक मात्रा में नाक और मुंह से पानी टपकता है।
  • अगर गाय और भैंस प्रेग्नेंट हैं तो मिसकैरेज हो सकता है।
  • समय पर इलाज न मिलने पर पशु की मौत हो जाती है।
Also Read:  How Kashmir will handle Lumpy Virus in the absence of vaccines?

Lumpy Virus की वैक्सीन कब आएगी?

यह वायरस गोटपॉक्स और शीपपॉक्स फैमिली का ही है। फिल्हाल इसके लिए शीपपॉक्स वैक्सीन का ही इस्तेमाल किया जा रहा है। लेकिन कई जगहों पर किसानों को यह वैक्सीन मिल नहीं रही है। दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक हरियाणा के केंद्रीय अश्व अनुसंधान के वैज्ञानिकों ने लंपी से मुकाबले के लिए एक देसी वैक्सीन तैयार की है। इसे लगवाने के बाद पशु एक वर्ष तक लंपी से सुरक्षित रह सकेंगे। यह वैक्सीन अगस्त के अंत तक बाज़ारों में उपलब्ध हो सकेगी। सरकार ने इसके इमरजेंसी ट्रायल को मंज़ूरी देदी है।

क्या यह वायरस इंसानों में फैल सकता है?

वर्लड ऑरगेनाईज़ेशन फॉर एनीमल हेल्थ के मुताबिक यह बीमारी जूनॉटिक नहीं है, यानि यह जानवरों से इंसानों में नहीं फैलती। इंफेक्टेड जानवर के दूध को अगर गर्म करके पीया जाए तो इससे नुकसान नहीं है। उबालने के बाद दूध में मौजूद वायरस मर जाते हैं।

इस बीमारी के लिए सरकार ने किसानों के लिए एक हेल्पलाईन नंबर 1962 जारी किया है। इसपर किसान इस बीमारी से संबंधित सभी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

Lumpy Virus: कैसे करें बचाव?

  • सबसे पहले अपनी गाय भैंस के शेड को अच्छी तरह सैनेटाईज़ करें, वहां पर कीटनाशक का उपयोग करें और जगह को स्वच्छ करें।
  • इंफेक्टेड पशू को हेल्दी कैटल से अलग रखना होगा, जैसे कोरोना में इंफेक्टेड पर्सन को क्वारंटीन किया जाता था, उसी तरह।
  • तुरंत आसपास मौजूद वेटरनरी डॉक्टर को इलाज के लिए बुलाएं।
  • अगर समय पर इलाज शुरु नहीं हुआ तो पशु की मौत हो सकती है।
  • स्टेट गवरमेंट को अपने पशु के हेल्थ की जानकारी ज़रुर दें।
  • हेल्दी पशुओं को तरंत गोटपॉक्स वैक्सीन लगवाएं।
  • जिन पशुओं का इम्यून सिस्टम मज़बूत होगा वो तुरंत ठीक हो जाएंगे।

अगर पशु की मौत हो जाती है तो उसकी डेड बॉडी को जलाना या दफनाना ज़रुरी है।

Also Read

You can connect with Ground Report on FacebookTwitterKoo AppInstagram, and Whatsapp and Subscribe to our YouTube channel. For suggestions and writeups mail us at GReport2018@gmail.com

%d bloggers like this: