lok sabha elections 2019 : army veterans letter president ramnath kovind narendra modi government politicizing army

पूर्व सैन्य अधिकारियों का मोदी सरकार पर सेना के राजनीतिकरण का आरोप, राष्ट्रपति को लिखा खत

Sharing is Important
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

नई दिल्ली, 12 अप्रैल। सैनिकों की शहादत का राजनीतिक फायदा उठाने पर मोदी सरकार इस बार घिरती नजर आ रही है। तीनों सेनाओं के 8 पूर्व प्रमुखों सहित 150 से अधिक पूर्व सैन्य अधिकारियों ने महामहिम राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को खत लिखकर शिकायत की है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने चुनावी भाषणों में सैनिकों की शहादत का राजनीतिकरण कर फायदा उठा रहे हैं।

एनडीटीवी की खबर के मुताबिक, इस चिट्ठी में पूर्व सैन्य अधिकारियों ने राष्ट्रपति कोविंद से शिकायत है कि सत्ताधारी दल सर्जिकल स्ट्राइक जैसे सेना के ऑपरेशन का श्रेय ले रही है। इसके साथ ही सेना को प्रधानमंत्री मोदी की सेना के तौर पर बताया जा रहा है।

READ:  उत्तर प्रदेश में अगले छह महीने तक हड़ताल क्यों नहीं की जा सकती ?

11 अप्रैल को सार्वजनिक हुई इस चिट्ठी में राष्ट्रपति से राजनीतिक दलों के सेना के राजनीतिक इस्तेमाल रोकने के लिए कदम उठाने की अपील की गई है।

बता दें कि महाराष्ट्र के लातूर की एक चुनावी रैली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पहली बार मतदान करने जा रहे मतदाताओं से कहा कि ‘वे अपने मत उन बहादुर लोगों को समर्पित करें, जिन्होंने पाकिस्तान के बालाकोट में हवाई हमले को अंजाम दिया’।

वहीं इस मामले से जुड़ी एक अन्य शिकायत पर चुनाव आयोग ने संज्ञान लेते हुए प्रधानमंत्री मोदी के पर रिपोर्ट मांगी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक महाराष्ट्र में स्थानीय चुनाव अधिकारियों द्वारा चुनाव आयोग को दी गई जानकारी में बताया है कि, पहली बार मतदान करने जा रहे वोटर्स से पीएम मोदी ने बालाकोट हवाई हमले के नाम पर अपना वोट डालने की अपील की थी।

READ:  संघ प्रमुख मोहन भागवत के भाषण की ये 5 मुख्य बातें आपको ज़रूर सुनना चाहिए

जांच के दौरान पहली नजर में यह बयान उन आदेशों का उल्लंघन है जिसमें उसने अपने प्रचार अभियान में राजनीतिक दलों से सशस्त्र बलों के नाम का इस्तेमाल नहीं करने को कहा गया है।

%d bloggers like this: