Kumbh 2019 nukkad natak world record Swasth Bharat preraks message of nutrition

Kumbh 2019 : कुपोषण के खिलाफ नुक्कड़ नाटक का शतक, बनाया नया विश्व रिकॉर्ड

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प्रयागराज, 21 फरवरी। कुम्भ 2019 में कुपोषण मिटाने के लिए सबसे बड़े जनआंदोलन सुपोषित कुम्भ में करोड़ों गांव-देहात के लोगों के लिए कुपोषण के खिलाफ एक ऐसा जागरूकता अभियान चलाया गया जिसने कई विश्व रिकॉर्ड कीर्तिमान स्थापित किए हैं। बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग उत्तर प्रदेश ने टाटा ट्रस्ट के पोषण अभियान अंतर्गत जिला स्वस्थ भारत प्रेरकों की टीम के जरिए कुम्भ के शाही स्न्नान के लिए आने वाले लाखों ग्रामीण लोगों को जागरूक करने के लिए कुपोषण मिटाने के लिए दुनियां का सबसे बड़ा जनांदोलन चलाया।

“कुपोषण के खिलाफ सबसे बड़ी जंग… कुम्भ में सबके संग..” नारे के साथ इस अभियान ने एकदिन में सबसे ज्यादा नुक्कड़ नाटक करने का विश्व रिकॉर्ड तोड़ा है जिसमें पहले 24 घण्टे में 77 नुक्कड़ नाटक करने का रिकॉर्ड था जिसे प्रेरकों की टीम ने 18 घण्टे में ही तोड़ दिया और 24 घण्टे में 100 नुक्कड़ नाटक कर नया विश्व रिकॉर्ड स्थापित कर दिया।

इसके साथ ही जन आंदोलन में सिग्नेचर अभियान का विश्व रिकॉर्ड भी बना है। जिसमें किसी भी सामाजिक अभियान को एक दिन में सबसे अधिक लोगों का लिखित समर्थन का विश्व रिकॉर्ड अर्जित किया गया है। अबतक कुपोषण मिटाने के इस अभियान में 30,000 से अधिक लोग अपना लिखित समर्थन दे चुके हैं। इसी अभियान में एक दिन में एक ही जगह किसी भी सामाजिक अभियान की सबसे ज्यादा व्यक्तियों तक सीधी पहुंच का विश्व रिकॉर्ड भी बनाया गया है।

ये रिकॉर्ड, विश्व रिकॉर्ड दर्ज करने वाली संस्थाओं में से लिम्का बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड और इंडिया बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किए जाएंगे। जिनके साक्षी अधिकारी निरन्तर टीम को प्रस्तुतिओं को आंककर दर्ज करते रहे। इस अभियान की सबसे खास बात यह है कि नाटक करने वाले कोई प्रोफेशनल एक्टर नहीं बल्कि रियल एक्टर्स हैं, जो कुपोषण मिटाने के लिए दिन रात लगे हैं- यानी हमारे जैसे पोषण अभियान के डिस्ट्रिक्ट लीडर हैं जिन्हें स्वस्थ भारत प्रेरक कहा जाता है।

नाटक करने वाले दस लोगों की टीम में सिद्धार्थनगर से प्रेरक विनय, ग़ाज़ियाबाद से ऐश्वर्या, एटा से रजत, औरैया से शशांक, फतेहपुर से रिचा, कानपुर देहात से आलोक, मैनपुरी से इमरान, अयोध्या से विनय, गोंडा से पल्लवी और गोरखपुर से नीरज शामिल रहे। नुक्कड़ नाटक की इस टीम का नेतृत्व कर रहे प्रेरक विनय कुमार ने बताया कि उत्तर प्रदेश के अलग अलग जिलों से 19 स्वस्थ भारत प्रेरकों की टीम को 16 फरवरी को प्रयागराज में बुलाया गया और सिर्फ दो दिन की त्वरित तैयारी में ही इस अभियान को अंजाम दिया गया।

प्रेरकों को नुक्कड़ नाटक की टीम में चुनने का कारण था कि बेशक ये प्रोफेशनल एक्टर नहीं हैं पर कुपोषण के खिलाफ प्रदेश के जिलों में असली काम कर रहे हैं इसलिए हमने कुपोषण के खिलाफ रियल एक्टर्स के साथ इस आंदोलन को छेड़ने का निर्णय लिया।

नाटक में अभिनय के साथ उसे लिखने-डायरेक्ट करने से लेकर पूरी टीम की तैयारी का काम स्वस्थ भारत प्रेरकों ने इलाहाबाद के युवा रंगकर्मी आशीष श्रीवास्तव के सहयोग से किया। प्रस्तुति देने वाली टीम के अलावा प्रेरकों की टीम में प्रयागराज के प्रेरक नमन, झांसी से कृति, वाराणसी से आरुषि, शाहजहांपुर से साक्षी, महराजगंज से आसिफ, सन्त कबीर नगर से साक्षी, गाजीपुर से जितेंद्र, सुल्तानपुर से शिवानंद, भदोही से नवीन अभियान में सक्रिय सहयोग देते रहे।

प्रेरकों की इस टीम को बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग प्रयागराज ने सम्पूर्ण सुविधाएं और जरूरी कार्ययोजना प्रदान किये हैं। इस टीम ने कुम्भ के सेक्टर 1 से 18 फरवरी को सुबह 5.30 बजे से पहला नुक्कड़ नाटक कर अपना अभियान शुरू किया। 18 फरवरी को 11.30 बजे उ. प्र. सरकार की बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग की प्रमुख सचिव श्रीमती मोनिका गर्ग ने टीम की प्रस्तुति देखी और उनसे मुलाकात कर प्रेरित किया साथ ही शुभकामनाएं देते हुए पुष्टाहार भी वितरित किया।

प्रमुख सचिव ने मीडिया से संवाद करते हुए कहा कि कुपोषण मिटाने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार केंद्र के साथ मिलकर पोषण अभियान के अंतर्गत सभी महत्त्वपूर्ण तत्वों पर काम कर रही है। साथ ही उप्र सरकार ने प्रदेश की जनता के लिए सुपोषण स्वास्थ्य मेला जैसे विशेष अभियान भी शुरू किए हैं।

प्रदेश के अलग अलग जिलो में काम करने वाले टाटा ट्रस्ट के स्वस्थ भारत प्रेरको ने कुम्भ में जनजागरूकता का जो अभियान शुरू किया है वो जरूरी है। कुम्भ में आने वाले देश-प्रदेश के हज़ारों गांव-कस्बों के लोग इस जागरूकता से लाभान्वित होंगे और कुपोषण के लिए जनांदोलन में शामिल होंगे।

स्वस्थ भारत प्रेरकों की टीम ने प्रमुख सचिव के सम्मुख प्रस्तुति के बाद निरन्तर प्रस्तुतियां देते हुए 19 फरवरी को शाही स्नान की सुबह 5.25 बजे अपने अभियान को सम्पन्न किया। इस दौरान 24 घण्टे में 100 नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किए गए। नाटकों के साथ-साथ प्रेरकों की एक टीम लोगों से बातचीत करते हुए उन्हें कुपोषण के खिलाफ आंदोलन में जोड़ती चल रही थी और लोगों को समझाकर उनसे लिखित समर्थन लेती रही।

जिला कार्यक्रम अधिकारी, प्रयागराज मनोज कुमार राव ने इस उपलब्धि के बारे में बोलते हुए कहा कि लाखों देहाती जनता को पोषण की जरूरी सावधानियां और पोषण अभियान के अंतर्गत सरकारी सुविधाएं आसान भाषा में नाटकों के जरिए बताई गई हैं, जिससे वे अपने बच्चों, किशोरियों और महिलाओं को स्वस्थ और सुरक्षित जीवन दे पाएंगे। हमारे लिए विश्व रिकॉर्ड से ज्यादा बड़ी उपलब्धि ये है कि हमने हज़ारों लोगों को कुपोषण के खिलाफ जागरूक भी किया है और उन्हें इस अभियान में अपने साथ जोड़ा भी है।

इस दौरान लखनऊ से सहायक निदेशक नीलम सचान, टाटा ट्रस्ट के राज्य प्रतिनिधि रवि शंकर एवं प्राची मिश्रा, बाल विकास विभाग, प्रयागराज के जिला कार्यक्रम अधिकारी, समस्त बाल विकास परियोजना अधिकारी, अन्य सहयोग विभागों के अधिकारी, सुपरवाइजर, समस्त स्टाफ और आंगनवाड़ी टीम की हरसमय जरूरी मदद करते रहे।