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Itarsi: श्री प्रेमशंकर दुबे स्मृति पत्रकार भवन में आज़ाद की जयंती और गुरुपूर्णिमा की शाम काव्य गोष्ठी का आयोजन

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Itarsi: इटारसी(itarsi) में रविवार को कविता के माध्यम से मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए कवियों ने की मांग। श्री प्रेमशंकर दुबे स्मृति पत्रकार भवन में कवि गुलाब भूमरकर के संयोजन से अमर शहीद चंद्रशेखर आजाद की जयंती और गुरु पूर्णिमा की पूर्व शाम को एक काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया। जिसमें  कवियों के साथ साथ प्रदेश के अनेक शहरों से आये कवियों ने हिस्सा लिया। इस अवसर पर साहित्यिक अभिरुचि रखने वाले अनेक श्रोता भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सिवनी बनापुरा से पधारे नर्मदांचल के वरिष्ठ साहित्यकार माखनलाल मालवीय मौजूद रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ साहित्यकार विनोद कुशवाहा ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में वरिष्ठ साहित्यकार राम वल्लभ गुप्त शामिल हुए।

माँ सरस्वती की पूजा से कार्यक्रम की हुई शुरुआत

दरअसल कार्यक्रम की शुरुआत विद्या दायिनी मां सरस्वती और अमर शहीद चंद्रशेखर आजाद की फोटो के सामने दिया जलाया गया साथ ही माला भी चढ़ाई गयी। काव्य गोष्ठी की शुरुआत संयोजक गुलाब भूमरकर ने सरस्वती वंदना गाकर की।

सरस्वती वंदना के बाद कवियों ने गाए गाने

इस कार्यक्रम में कवि एस आर धोटे ने “अमर शहीदों का संदेश, मेरा देश मेरा वेश” रचना का पाठ किया। मशहूर शायर और गजलकार सतीश शमी ने “हिंदुस्तां पे कोई आंख उठाएगा, भारत का बच्चा-बच्चा अपनी जां लुटाएगा” से समां बांध दिया। साथ ही मदन बड़कुर तन्हाई ने “बेवफा बावफा नहीं होता इश्क सबका खुदा नहीं होता”, झांसी से पधारे लोकगीतकार जगदीश डबरया ने “ले चलो पिया साथ गांव तुम्हारे, शहर नहीं रहना मन में हमारे ” रचना के माध्यम से सबका मन मोह लिया।

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काव्य गोष्ठी के जरिये कवि ने की मेडिकल कॉलेज की मांग

बता दें कि कार्यक्रम में इटारसी मेडिकल कॉलेज मुहिम के संस्थापक समूह के सदस्य अवनीन्द्र दुबे ने अपनी रचना “हम न मांगे कोई बड़ा मैदान, न मांगे कोई और बड़ा सम्मान, मेडिकल कॉलेज खुलवा करके, बढ़ा दो मेरे नगर का मान” का पाठ करके सबको भाव विभोर कर दिया। उन्होंने अपनी कविता के माध्यम से मौजूद साहित्यकारों एवं श्रोताओं से मेडिकल कॉलेज खोलने की मुहिम के लिए समर्थन मांगा। जिसकी बहुत ही सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। इसके बाद गीतकार गुलाब भूमरकर ने भी मेडिकल कॉलेज खोलने की मुहिम के समर्थन में लिखा अपना गीत “मेडिकल कॉलेज की सौगात से मिलेगी नई पहचान” सुनाया।

वरिष्ठ साहित्यकार विनोद कुशवाहा ने कहा बहुत ही अद्भुत माहौल है

वरिष्ठ साहित्यकार विनोद कुशवाहा ने कहा कि ऐसा अद्भुत संयोजन और माहौल उन्होंने पहले कभी नहीं देखा। इसके साथ ही श्री कुशवाहा जी ने इटारसी में सरकारी मेडिकल कॉलेज खोलने की मुहिम के समर्थन में अपने विचार व्यक्त किए।

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आयोजन में उपस्थित रहे अनेक कवि और साहित्यकार

इस अवसर पर राधा मैना, माखनलाल मालवीय, सौरभ दुबे, राजेश गुप्ता, राजेन्द्र भावसार सागर, सुनील जनोरिया, विनोद दुबे बिंदु, भगवानदास बेधड़क, चिरकुट भोपाली, ब्रजमोहन सिंह सोलंकी, रवि भाई सूर्या, श्याम अजनेरिया, लखनलाल मालवीय, नर्मदा प्रसाद मालवीय, हसन नजमी ने अपनी काव्य रचनाओं की प्रस्तुति दी। काव्य गोष्ठी में कार्यक्रम का सफल संचालन विकास उपाध्याय ने और आभार प्रदर्शन राजेश दुबे ने किया। देर रात तक चली इस गरिमामय काव्य गोष्ठी में उपस्थित हर एक कवि के साथ-साथ श्रोताओं का भी सम्मान कार्यक्रम संयोजक ने किया।

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