CAA-NRC Protests : असम में बनाया जा रहा है सबसे बड़ा डिटेंशन कैंप

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Ground Report News Desk | New Delhi

सिटीजन अमेंडमेंट एक्ट और नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजन पर देश भर में बवाल मचा हुआ है।जगह जगह विरोध प्रदर्शन और हिंसक घटनाएं सामने आ रही है। इंटरनेट सेवाएं कई इलाकों में बंद है तो कहीं धारा 144 लागू है। नार्थ ईस्ट इंडिया डिस्कनेक्टेड है। इन सब से इतर आज हम आपको ऐसी खबर बता रहे है जिससे आप शायद अब तक अंजान रहे हो…

खबर है कि एनआरसी से बाहर हुए लोगों के लिए सरकार असम में सबसे बड़ा डिटेंशन कैम्प बनवा रही है। बड़ी संख्‍या में नागरिकता साबित नहीं कर पाने वाले लोगों को रखने के लिए सरकार करीब 11 डिटेंशन सेंटर तैयार कर रही है। असम की करीब छह जेलों को पहले ही डिटेंशन सेंटर्स में तब्‍दील कर दिया गया है।

वहीं, असम के गोलपारा के मतिया में भी डिटेंशन सेंटर बनाया जा रहा है। जानकारी के मुताबिक असम सरकार ने 10 नए डिटेंशन बनाने का प्रस्‍ताव रखा है। नये सेंटर्स बारपेटा, दिमा हासो, कामरूप, करीमगंज, लखीमपुर, नागांव, नलबारी, शिवसागर और सोनितपुर में बनाने का प्रस्‍ताव है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इन डिटेंशन सेंटरो की क्षमता कम से कम 1000 लोगों की होगी। इन सभी सेंटर्स को बनाने में सरकार करीब 1,000 करोड़ रुपये खर्च कर रही है।

असम में 31 जेल हैं। इनमें इस समय करीब 9,000 कैदी हैं। सभी जेलों में क्षमता से अधिक कैदी हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सरकार इन जेल को डिटेंशन सेंटर में तब्दील कर एनआरसी की अंतिम सूची से बाहर हुए लोगों को रखने की तैयारी में है।

बता दें कि असम सरकार 200 नए फॉरनर्स ट्रिब्‍यूनल शुरू कर चुकी है, जिसके बाद सूबे में कुल 300 फॉरनर्स ट्रिब्‍यूनल हो गए हैं। वहीं खबर है कि असम के गोलपाड़ा डिटेंशन सेंटर में 3,000 लोगों को रखा जा सकेगा। दावा किया जा रहा है कि यह सबसे बड़ा डिटेंशन सेंटर होगा। ज्ञात हो कि, 31 अगस्‍त को जारी अंतिम सूची से असम के 19,06,657 लोगों को बाहर कर दिया गया है।